शनिवार, 8 अक्टूबर 2022

तुम मेरी....📌

तुम मेरी आंखों में देख कर बता सकती हो,
कि तन्हाई कितनी गहरी है!
उदासी का पैरामीटर क्या है?
एक दर्द का त'ईन मुमकिन है?
एक मुस्कुराहट के लिए कितने जतन करने होंगे?
किसी की यादों से छुटकारा पाने के लिए कौन सा नशा काफ़ी है?
क्या तुम मेरी आंखों में देख कर अंदाज़ा लगा सकती हो, कि हम कितनी बार मर सकते हैं? मौत कितनी बार आ सकती है....!🥺😥

~वाहियात फिलोसॉफर

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